Paper leak bill 2026: पेपर लीक बिल पास होने से परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता आएगी, छात्रों का भविष्य सुरक्षित होगा : दर्शन सिंह
नई दिल्ली ( शिवा कौशिक ) : लोकसभा में पेपर लीक से जुड़ा लोक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026 बुधवार को ध्वनि मत से पास हो गया है। इसी विषय पर बात करते हुए भाजपा नवीन शाहदरा जिला के पूर्व उपाध्यक्ष दर्शन सिंह ने कहा कि इस विधेयक के पास होने से परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता आएगी और छात्रों का भविष्य भी सुरक्षित होगा। उन्होंने बताया कि इस विधेयक का उद्देश्य सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) अधिनियम, 2024 में संशोधन करना है ताकि सख्त कानूनी प्रावधानों के जरिए परीक्षा प्रणाली में ईमानदारी आये व इसके साथ ही यह सुनिश्चित करना है कि छात्रों का भविष्य पूरी तरह से सलामत रहे। श्री सिंह ने बताया कि लोक परीक्षा (अनुचित साधन निवारण) संशोधन विधेयक, 2026 के प्रावधानों के अनुसार परीक्षाओं में प्रश्नपत्र लीक करने या अनुचित साधनों का इस्तेमाल करने वाले व्यक्तियों को कम से कम पांच साल और अधिकतम 10 साल तक के कारावास तथा 50 लाख रुपये तक के जुर्माने की सजा हो सकती है।
उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार की ओर से पेश किए गए नए कानून में संगठित अपराधों के लिए कम से कम सात साल के कारावास और 10 करोड़ रुपये तक के जुर्माने का प्रस्ताव है। श्री सिंह ने बताया कि पेपर लीक के मामलों को लंबा खिंचने से रोकने के लिए स्पेशल फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाए जाएंगे जहां प्रतिदिन सुनवाई होगी और ये अदालतें आरोप पत्र दाखिल किए जाने के तीन महीने के भीतर मुकदमे की कार्यवाही पूरी करेंगी। उन्होंने कहा कि इस नए विधेयक से ना सिर्फ पेपर लीक पर रोक लगेगी बल्कि जो लोग पेपर लीक करते है उनमें भी खौफ होगा।



