Pahalgam Terror Attack: आतंकी हमले में मृतकों के परिजनों को 10 लाख और घायलों को 2 लाख मुआवजा, उमर अब्दुल्ला ने की घोषणा
जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में मंगलवार को हुए भयावह आतंकी हमले के बाद राज्य सरकार ने पीड़ितों और उनके परिजनों के लिए राहत की घोषणा की है। मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने बुधवार को सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर जानकारी साझा करते हुए कहा कि मृतकों के परिजनों को 10-10 लाख रुपये की अनुग्रह राशि दी जाएगी। वहीं, गंभीर रूप से घायलों को 2 लाख रुपये और मामूली रूप से घायल हुए लोगों को 1 लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी।
उमर अब्दुल्ला ने अपने संदेश में इस हमले को “घृणित, बर्बर और मूर्खतापूर्ण क्रूरता का कृत्य” बताया और कहा कि निर्दोष नागरिकों के खिलाफ ऐसे हमलों का हमारे समाज में कोई स्थान नहीं है। उन्होंने लिखा, “कोई भी धनराशि प्रियजनों की क्षति की भरपाई नहीं कर सकती, लेकिन यह सहायता सरकार की ओर से समर्थन और एकजुटता का प्रतीक है।”
मुख्यमंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि मृतकों के पार्थिव शरीरों को सम्मानपूर्वक उनके घरों तक पहुंचाने के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं की गई हैं। घायलों को सर्वोत्तम चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। उन्होंने शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए कहा, “हम आपके दुख को साझा करते हैं और इस कठिन घड़ी में आपके साथ खड़े हैं।”
इस हमले में अब तक 26 लोगों की जान जा चुकी है, जिनमें से अधिकांश पर्यटक थे। मृतकों में दो विदेशी नागरिक—एक संयुक्त अरब अमीरात (UAE) से और एक नेपाल से—साथ ही दो स्थानीय निवासी भी शामिल हैं। आतंकवादियों ने मंगलवार को दक्षिण कश्मीर के लोकप्रिय टूरिस्ट डेस्टिनेशन पहलगाम में अंधाधुंध गोलीबारी कर दी थी, जिससे देशभर में रोष फैल गया।
मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने संकल्प व्यक्त करते हुए कहा, “आतंकवाद हमारे हौसले को कभी नहीं तोड़ पाएगा। हम तब तक चैन से नहीं बैठेंगे, जब तक इस बर्बरता के पीछे के लोगों को न्याय के कठघरे में नहीं लाया जाता।”
इस बीच, राज्य और केंद्र सरकारों ने हमले के बाद पूरे जम्मू-कश्मीर और अन्य महानगरों में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। हमलावरों की तलाश और उनके नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए सुरक्षा एजेंसियां सक्रिय रूप से काम कर रही हैं।
यह आतंकी हमला 2019 के पुलवामा हमले के बाद से घाटी में सबसे बड़ा और घातक हमला माना जा रहा है। देश भर से इस घटना की निंदा करते हुए पीड़ितों के प्रति शोक और एकजुटता व्यक्त की जा रही है।


