Indonesia Train Accident: जकार्ता में भीषण रेल हादसा, स्टेशन पर खड़ी ट्रेन से टकराई सुपरफास्ट एक्सप्रेस, 4 की मौत, कई घायल
इंडोनेशिया की राजधानी जकार्ता के पास सोमवार को एक दर्दनाक रेल हादसे ने पूरे देश को झकझोर दिया, जहां बेकासी तिमुर स्टेशन पर एक तेज रफ्तार सुपरफास्ट एक्सप्रेस ट्रेन ने खड़ी कम्यूटर ट्रेन को पीछे से जोरदार टक्कर मार दी, जिससे चार लोगों की मौत हो गई और दर्जनों यात्री घायल हो गए। यह हादसा इतना भीषण था कि कई डिब्बे बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए और यात्री मलबे में फंस गए।
जानकारी के अनुसार लंबी दूरी की ट्रेन “आर्गो ब्रोमो एंग्रैक” जब स्टेशन से गुजर रही थी, तभी उसने प्लेटफॉर्म पर खड़ी कम्यूटर ट्रेन के आखिरी डिब्बे को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर के बाद स्टेशन पर अफरा-तफरी मच गई और यात्रियों में चीख-पुकार शुरू हो गई। मौके पर मौजूद बचाव दल ने तुरंत रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया और अब तक करीब 38 घायलों को अस्पताल पहुंचाया जा चुका है, जबकि कुछ यात्री अब भी क्षतिग्रस्त डिब्बों में फंसे हुए हैं।
सरकारी रेलवे कंपनी PT Kereta Api Indonesia ने इस हादसे पर दुख जताते हुए यात्रियों और उनके परिजनों से माफी मांगी है। वहीं स्थानीय पुलिस और जांच एजेंसियों ने हादसे के कारणों की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार हादसे के समय कम्यूटर ट्रेन का एक डिब्बा महिलाओं के लिए आरक्षित था, जिससे स्थिति और संवेदनशील हो गई।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार टक्कर इतनी तेज थी कि कई डिब्बे एक-दूसरे पर चढ़ गए और लोगों को बाहर निकालने में बचाव दल को काफी मशक्कत करनी पड़ी। सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में स्टेशन पर अफरा-तफरी और लोगों की मदद के लिए दौड़ते बचावकर्मी साफ देखे जा सकते हैं।
जकार्ता पुलिस प्रमुख Asif Edi Suheri ने बताया कि हादसे की विस्तृत जांच शुरू कर दी गई है और तकनीकी खराबी या मानवीय गलती दोनों पहलुओं पर जांच की जा रही है।
गौरतलब है कि इंडोनेशिया में पुराना रेल नेटवर्क और सुरक्षा व्यवस्था अक्सर ऐसे हादसों की वजह बनते रहे हैं। इससे पहले भी जनवरी 2024 में पश्चिम जावा में दो ट्रेनों की टक्कर में चार लोगों की मौत हुई थी, जबकि 2010 और 2013 में भी कई बड़े रेल हादसे देश को झकझोर चुके हैं।
फिलहाल राहत और बचाव कार्य जारी है और प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि सभी घायलों को बेहतर इलाज उपलब्ध कराया जाएगा, जबकि मृतकों की पहचान की प्रक्रिया भी जारी है। यह हादसा एक बार फिर इंडोनेशिया की रेल सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है।



