Yamuna Bazar Demolition: दिल्ली के यमुना बाजार में बुलडोजर कार्रवाई, 300 से अधिक घर खाली कराए जा रहे
दिल्ली के यमुना बाजार इलाके में अतिक्रमण हटाने के लिए बुलडोजर कार्रवाई शुरू कर दी गई है। दिल्ली हाई कोर्ट के आदेश के बाद दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (DDMA) और प्रशासन की टीमों ने यमुना के ओ-ज़ोन क्षेत्र में बने अवैध निर्माणों को हटाने की कार्रवाई तेज कर दी है। इससे पहले प्रशासन ने 300 से अधिक परिवारों को मकान खाली करने का नोटिस जारी किया था।
यमुना बाजार क्षेत्र यमुना नदी के ओ-ज़ोन (बाढ़ क्षेत्र) में आता है, जहां नियमों के अनुसार किसी भी प्रकार के स्थायी निर्माण या अतिक्रमण की अनुमति नहीं है। प्रशासन का कहना है कि इसके बावजूद वर्षों से यहां बड़ी संख्या में अवैध निर्माण कर लिए गए थे, जिन्हें अब हटाया जा रहा है।
बुलडोजर कार्रवाई के दौरान लोग अपने घरों से जरूरी सामान बाहर निकालते दिखाई दिए। स्थानीय निवासियों का कहना है कि उनके परिवार कई दशकों से इस इलाके में रह रहे हैं। कुछ लोगों का दावा है कि उनका निवास यहां लगभग सौ वर्षों से है, इसलिए उन्हें हटाया नहीं जाना चाहिए।
प्रशासन का कहना है कि मानसून के दौरान यमुना का जलस्तर बढ़ने पर सबसे पहले यही इलाका जलमग्न होता है। बाढ़ के समय यहां रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित करना पड़ता है। ऐसे में लोगों की सुरक्षा और बाढ़ प्रबंधन को ध्यान में रखते हुए अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की जा रही है।
अधिकारियों के अनुसार, इस क्षेत्र में बने कई मकान काफी जर्जर हो चुके हैं। बाढ़ के दौरान इन मकानों के ढहने का खतरा बना रहता है, जिससे जान-माल का बड़ा नुकसान हो सकता है। इसी कारण प्रशासन इस इलाके को खाली कराकर यमुना के बाढ़ क्षेत्र को अतिक्रमण मुक्त बनाने की प्रक्रिया पर काम कर रहा है।



