लोनी रोड के चौड़ाकरण की खबर से लोगो में ख़ुशी की लहर : देवेन्द्र शर्मा
होगा लाखों लोगो को फायदा मिलेगी जाम से मुक्ति
– हर्ष भारद्वाज –
नई दिल्ली ,एक लम्बे समय के बाद उत्तर पूर्वी दिल्ली के साथ-साथ लोनी तथा आसपास के लोगो की उम्मीद दिल्ली हाई कोर्ट के निर्णय से पूरी होती दिख रही है | यह कहना है शाहदरा निवासी प्रसिद्ध समाजसेवी देवेन्द्र शर्मा का | देवेन्द्र शर्मा कहते हैं लोनी रोड उत्तर पूर्वी दिल्ली के व्यस्ततम मार्गों में से एक है इस मार्ग से रोजाना दिल्ली की दर्जनों कालोनियों तथा लोनी और उसके आसपास के अनेक ईलाकों से लाखों लोग गुजरते है रोड बेहद संकरा होने की वजह से लोगो को भयंकर जाम से जूझना पड़ता है |
देवेन्द्र शर्मा कहते हैं यह रोड दिल्ली की सुन्दरता पर भी ग्रहण लगाता दिखता है यहाँ तक की कोमनवेल्थ गेम में भी इस रोड का विकास नहीं हो पाया था जबकि उस वक्त पूरी दिल्ली की तस्वीर बदल गई थी | पूरी दिल्ली से घूमकर जब लोग इस सड़क पर आते थे लगता था किसी ग्रामीण क्षेत्र में पहुंच गए ऊपर से इस रोड पर तांगे,बैलगाड़ियाँ और चलने वाली ग्रामीण सेवा टेम्पो रही सही कसर पूरी कर देते थे |
एक बार जब सांसद जे.पी.अग्रवाल अपनी पोती के साथ इस रोड पर पहुंचे थे तो उसने भी श्री अग्रवाल से सवाल किया था दादा जी हम किस विलेज में आ गए हैं | देवेन्द्र शर्मा कहते हैं यहाँ के अनेक निवासियों से इस रोड को चौड़ा कराने की मांग की लेकिन हर बार किसी ना किसी दबाव में यह रोड चौड़ा नहीं हो सका लेकिन अब उन्हें यह उम्मीद बंधी है अब उनकी तपस्या पूरी होगी | उल्लेखनीय है कि दिल्ली हाई कोर्ट ने लोनी रोड को चौड़ा करने का रास्ता साफ कर दिया है, जो लंबे समय से अटका हुआ था।
एक जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए, हाई कोर्ट ने लोनी रोड पर ट्रैफिक फ्लो को आसान बनाने और पब्लिक लैंड को अतिक्रमण से मुक्त करने के लिए 15 दिनों के अंदर प्रोसेस शुरू करने का निर्देश दिया। इतना ही नहीं माननीय न्यायालय नें साथ ही प्रोसेस पूरा करने के लिए चार महीने का समय भी दिया। इस समय के अंदर लोनी रोड को अतिक्रमण से मुक्त करना होगा। याचिकाकर्ता ने कोर्ट को बताया कि मास्टर प्लान 2021 के अनुसार, रोड 45 मीटर चौड़ी होनी चाहिए, लेकिन अभी, रोड के बीच में गैर-कानूनी दुकानें, खोखे, वेंडर और बिजली के खंभे होने की वजह से यह काफी पतली हो गई है। इससे अक्सर ट्रैफिक जाम लगता है।
भारी ट्रैफिक और पतली रोड की वजह से स्थानीय जनता और खासतौर से पैदल चलने वालों को काफी परेशानी हो रही है। देवेन्द्र शर्मा कहते हैं मामले की गंभीरता को देखते हुए, मुख्य न्यायाधीश देवेंद्र कुमार उपाध्याय और न्यायाधीश तेजस करिया की बेंच ने 15 दिनों के अंदर अतिक्रमण हटाने का प्रोसेस शुरू करने का आदेश दिया। संबंधित अथॉरिटी को लीगल प्रोसेस को फॉलो करते हुए और एनक्रोचमेंट करने वालों को सुनवाई का मौका देते हुए यह काम चार महीने के अंदर पूरा करना होगा। माननीय न्यायालय ने पब्लिक वर्क्स डिपार्टमेंट को तुरंत सर्वे करने का आदेश दिया है। कोर्ट ने साफ किया कि सर्वे पूरा होने के बाद, एडमिनिस्ट्रेटिव और टेक्निकल अप्रूवल लेकर सड़क चौड़ी करने का काम जल्द से जल्द शुरू होना चाहिए। बेंच ने उम्मीद जताई कि एक साल के अंदर काम शुरू हो जाएगा। देवेन्द्र शर्मा कहते हैं हाई कोर्ट के इस फैसले से लोनी रोड और आस-पास के इलाकों के लोगों को काफी राहत मिलने की उम्मीद है। श्री शर्मा कहते हैं अकेले दिल्ली क्षेत्र में इस रोड के दोनों ओर करीब तीन दर्जन कालोनियों के लोगो को न्यायालय के इस निर्णय से राहत की उम्मीद जगी है | और लोगो में इस निर्णय से बेहद उत्साह है और हो भी नहीं उन्हें राहत जो मिलेगी



