महाराष्ट्र के एक प्रमुख मराठा नेता और पूर्व विधायक विनायक मेटे की आज सुबह सड़क हादसे में मौत हो गई। विनायक बीड से मुंबई की ओर जा रहे थे। लेकिन सुबह करीब 5:30 बजे वो हादसे का शिकार हो गए। ये हादसा मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे पर पनवेल के पास माडप टनल में हुआ है। बताया जा रहा है की विनायक मेटे अपनी एसयूवी कार से जा रहे थे। इसी दौरान हादसा हो गया। गंभीर हालत में उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। मिली जानकारी के मुताबिक, हादसे में विनायक मेटे को सिर में गंभीर चोटें आईं थी। करीब एक घंटे तक विनायक मेटे को कोई मदद नहीं मिली। एक घंटे के बाद एंबुलेंस आयी, फिर विनायक मेटे को करीब 80 किलोमीटर दूर नवी मुंबई के एमजीएम अस्पताल लाया जा सका। लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी और डॉक्टर उनकी जान नहीं बचा सके। मेटे ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। हादसे की जानकारी मिलने के बाद महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और उप-मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस नवी मुंबई में MGM अस्पताल पहुंचे। मराठवाड़ा क्षेत्र के बीड जिले के रहने वाले पूर्व विधान पार्षद मराठा आरक्षण के समर्थक थे। वह एक बैठक में शामिल होने के लिए मुंबई जा रहे थे। 2008 में मेटे और उनके संगठन के कुछ अन्य कार्यकर्ताओं ने अरब सागर में छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा स्थापित करने के तत्कालीन राज्य सरकार के फैसले के खिलाफ अखबार में एक संपादकीय का विरोध करने के लिए एक मराठी दैनिक के तत्कालीन संपादक कुमार केतकर के ठाणे स्थित आवास पर हमला किया था।



