Kullu Cloudburst: हिमाचल के कुल्लू में बादल फटा, पार्वती नदी उफान पर, सैंज घाटी में मचा हड़कंप; कई राज्यों में जारी है मानसून का कहर
हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले की सैंज घाटी में बुधवार सुबह बादल फटने की घटना ने पूरे क्षेत्र में दहशत फैला दी। अचानक हुई इस प्राकृतिक आपदा के बाद जीवा नाले में तेज़ सैलाब आ गया, जिससे नाले के किनारे मौजूद इलाकों में अलर्ट जारी कर दिया गया है। तेज बहाव में पेड़ और मलबा बहते हुए दिखाई दिए, जिसके कई वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं।
स्थानीय प्रशासन ने स्थिति को गंभीरता से लेते हुए तत्काल अलर्ट जारी किया और लोगों से सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की है। पार्वती नदी में भी जलस्तर तेजी से बढ़ा है और वह उफान पर है। हालांकि राहत की बात यह है कि अब तक किसी जान-माल के नुकसान की पुष्टि नहीं हुई है।
आपदा प्रबंधन की टीमें मौके पर तैनात हैं और लगातार हालात पर निगरानी रखी जा रही है। प्रशासन ने स्थानीय निवासियों से अपील की है कि वे किसी भी स्थिति में नदी-नालों के किनारे न जाएं और मौसम विभाग द्वारा जारी चेतावनियों को गंभीरता से लें। मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों के लिए हल्की से मध्यम और कुछ ऊंचाई वाले इलाकों में भारी बारिश की संभावना जताई है।
बादल फटने की इस घटना ने एक बार फिर हिमाचल प्रदेश के पहाड़ी क्षेत्रों की संवेदनशीलता को उजागर कर दिया है, जहां मानसून के दौरान ऐसे हादसे आम हो जाते हैं। राज्य में पहले भी इस तरह की घटनाएं भारी नुकसान का कारण बन चुकी हैं।
इधर, हिमाचल ही नहीं, देश के अन्य हिस्सों में भी मानसून कहर बरपा रहा है। गुजरात के 26 जिलों में भारी बारिश से हालात बेकाबू होते जा रहे हैं। सूरत सहित तीन जिलों में रेड अलर्ट जारी कर दिया गया है। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि फिलहाल राहत की उम्मीद नहीं है और अगले कुछ दिनों तक भारी बारिश जारी रह सकती है। कई इलाकों में जलभराव और बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं।
राजस्थान में भी मानसून का असर व्यापक रूप से दिखाई दे रहा है। मंगलवार को राजधानी जयपुर सहित प्रदेश के कई जिलों में झमाझम बारिश हुई। जयपुर में 77.8 मिमी बारिश दर्ज की गई। वहीं सीकर में 13 मिमी, डूंगरपुर में 10 मिमी, माउंट आबू में 7 मिमी, प्रतापगढ़ में 4 मिमी और कोटा में 2.9 मिमी बारिश दर्ज की गई।
देश के कई राज्यों में लगातार हो रही बारिश से जनजीवन प्रभावित हुआ है। मौसम विभाग की ताज़ा भविष्यवाणी के अनुसार उत्तर भारत, पश्चिमी भारत और कुछ पहाड़ी क्षेत्रों में अगले कुछ दिनों तक बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है।



