Mahoba Protest: महोबा में खराब सड़क और जलभराव से परेशान स्कूली बच्चों ने हाईवे किया जाम, पुलिस पर बदसलूकी के आरोप
महोबा में खराब सड़क, जलभराव और स्कूल आने-जाने में हो रही परेशानी से नाराज स्कूली बच्चों ने मंगलवार को झांसी-मिर्जापुर हाईवे पर प्रदर्शन करते हुए जाम लगा दिया। रैपुरा कलां गांव के बच्चों ने बारिश के बीच सड़क पर उतरकर अपनी समस्याओं को लेकर विरोध जताया। करीब तीन घंटे तक चले प्रदर्शन के कारण हाईवे के दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। इस दौरान बच्चों के प्रदर्शन और पुलिस की कार्रवाई से जुड़ी तस्वीरें और वीडियो भी सामने आए हैं, जिन्हें सोशल मीडिया पर शेयर किया जा रहा है।
जानकारी के मुताबिक, महोबा सदर तहसील क्षेत्र के रैपुरा कलां गांव को जोड़ने वाला करीब तीन किलोमीटर लंबा रास्ता लंबे समय से बदहाल स्थिति में है। ग्रामीणों और छात्रों का आरोप है कि सड़क पर जगह-जगह बड़े गड्ढे हैं और बारिश के बाद जलभराव की स्थिति और गंभीर हो जाती है। ऐसे में बच्चों के लिए स्कूल पहुंचना मुश्किल हो गया है।
प्रदर्शन कर रहे छात्रों का कहना है कि रास्ते की स्थिति इतनी खराब है कि आए दिन ई-रिक्शा और ऑटो पलटने की घटनाएं होती रहती हैं। इन घटनाओं में कई बच्चे चोटिल भी हो चुके हैं। बारिश के मौसम में सड़क पर जमा पानी और गड्ढों के कारण स्थिति और ज्यादा खतरनाक हो जाती है। छात्रों का कहना है कि कई बार इस समस्या की शिकायत जिम्मेदार अधिकारियों से की गई, लेकिन अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई।
बच्चों और ग्रामीणों ने सड़क की बदहाली के लिए इलाके में संचालित दाल मिलों से निकलने वाले भारी वाहनों और गंदे पानी को भी जिम्मेदार बताया है। छात्रों का आरोप है कि मिलों से जुड़े बड़े और ओवरलोडेड ट्रकों की लगातार आवाजाही के कारण सड़क की स्थिति खराब हुई है। इसके अलावा मिलों का गंदा पानी सड़क पर बहने से भी रास्ते की हालत बिगड़ती जा रही है।
प्रदर्शन कर रहे बच्चों का आरोप है कि जब ग्रामीण और बच्चे सड़क की स्थिति तथा गंदे पानी की समस्या का विरोध करते हैं तो मिल संचालकों की ओर से उन्हें कथित तौर पर धमकाया जाता है। ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने कई बार प्रशासनिक अधिकारियों से शिकायत की, लेकिन समस्या का समाधान नहीं होने के कारण आखिरकार बच्चों को सड़क पर उतरकर प्रदर्शन करना पड़ा।
मंगलवार को बड़ी संख्या में स्कूली बच्चे बारिश के बीच झांसी-मिर्जापुर हाईवे पर पहुंच गए। बच्चों ने लकड़ी और पत्थर रखकर सड़क को जाम कर दिया। देखते ही देखते हाईवे के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई। करीब तीन घंटे तक यातायात प्रभावित रहा और यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
प्रदर्शन के दौरान मौके पर पहुंची पुलिस ने जाम खुलवाने का प्रयास किया। इसी दौरान पुलिस पर प्रदर्शन कर रहे बच्चों के साथ कथित तौर पर बदसलूकी करने के आरोप लगे हैं। आरोप है कि कुछ बच्चों को पुलिसकर्मियों ने घसीटा और प्रदर्शन खत्म कराने के लिए उनके साथ कथित तौर पर मारपीट तथा लात मारने जैसी हरकत की। घटना से जुड़े वीडियो सामने आने के बाद मामला चर्चा में आ गया है।
हालांकि, पुलिस की कार्रवाई और बच्चों के साथ कथित बदसलूकी से जुड़े आरोपों की पूरी स्थिति आधिकारिक जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। सामने आए वीडियो और तस्वीरों को लेकर सोशल मीडिया पर अलग-अलग तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। बच्चों के साथ पुलिस के व्यवहार को लेकर सवाल भी उठाए जा रहे हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि रैपुरा कलां के अलावा मझलवारा, बनियातला और महानपुरा को जोड़ने वाले मार्ग की स्थिति भी लंबे समय से खराब है। इस मार्ग का इस्तेमाल बड़ी संख्या में ग्रामीणों और स्कूली बच्चों द्वारा किया जाता है। सड़क की खराब हालत और जलभराव के कारण लोगों को रोजाना परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
ग्रामीणों की मांग है कि सड़क की तत्काल मरम्मत कराई जाए, जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान किया जाए और मिलों से निकलने वाले गंदे पानी तथा भारी वाहनों की आवाजाही को नियंत्रित किया जाए। लोगों का कहना है कि बच्चों को सुरक्षित तरीके से स्कूल पहुंचने के लिए बेहतर सड़क और जल निकासी की व्यवस्था जरूरी है।
महोबा में स्कूली बच्चों के हाईवे पर प्रदर्शन ने इलाके की बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी समस्याओं को सामने ला दिया है। बारिश के बीच बच्चों का सड़क पर बैठकर विरोध करना इस बात को लेकर सवाल खड़े कर रहा है कि उनकी शिकायतों पर पहले ही प्रभावी कार्रवाई क्यों नहीं हुई। वहीं, पुलिस पर लगे बदसलूकी के आरोपों के बाद इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग भी उठ रही है।



