सत्य के साथ • आपके साथरविवार, 8 नवंबर 2026
ADVERTISEMENTविज्ञापन के लिए संपर्क करेंCPN NEWS • YOUR BRAND HERE
ताज़ा खबर
Delhi Building Collapse: दिल्ली में इमारतें नहीं, निगम का भ्रष्टाचार और प्रशासनिक व्यवस्था ढह रही है : श्याम सुन्दर अग्रवालFood Adulteration: मिलावट के खिलाफ मुख्यमंत्री का सड़क पर उतरना जन स्वास्थ्य के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता का प्रमाण : रोमेश चंद्र गुप्ताFood Adulteration: मुख्यमंत्री की सक्रियता से मिलावटखोरों में मचेगा हड़कंप, जनता की सेहत से समझौता नहीं करेगी सरकार : गुरमीत सिंह सूराPoland Shooting: क्राकोव के मुख्य बाजार में कार से अंधाधुंध फायरिंग, छह लोगों की मौत, 15 घायल; हमलावर गिरफ्तारIND vs NZ: छोटे लक्ष्य का पीछा करने में छूटे भारत के पसीने, दूसरे वनडे में चार रन से जीतकर सीरीज में 2-0 की बढ़तSharad Pawar Health Update: शरद पवार की सेहत में सुधार, तीन दिन बाद मुंबई के अस्पताल से मिली छुट्टी; घर पर जारी रहेगा इलाजSonia Gandhi Memoir: मोदी सरकार पर लोकतंत्र को नुकसान पहुंचाने का आरोप, आपातकाल और राजीव गांधी से रिश्ते पर भी बोलीं सोनिया; भाजपा का पलटवारBismillah Khan House: पुश्तैनी मकान पर बुलडोजर चलने के अखिलेश यादव के दावे को परिवार ने नकारा, खुद करा रहा पुनर्निर्माण; भूतल पर बनेगा संग्रहालय

Womens Reservation Bill Fails: महिला आरक्षण बिल अटका, पीएम नरेंद्र मोदी आज रात 8:30 बजे राष्ट्र को करेंगे संबोधित

3 मिनट पढ़ें
Advertisement

Womens Reservation Bill Fails: महिला आरक्षण बिल अटका, पीएम नरेंद्र मोदी आज रात 8:30 बजे राष्ट्र को करेंगे संबोधित

महिला आरक्षण विधेयक को लेकर संसद में जारी सियासी घमासान के बीच प्रधानमंत्री Narendra Modi आज रात 8:30 बजे देश को संबोधित करेंगे। यह संबोधन ऐसे समय पर हो रहा है जब केंद्र सरकार द्वारा पेश किया गया महिला आरक्षण बिल संसद में पारित नहीं हो सका, जिससे राजनीतिक माहौल काफी गरम हो गया है। हालांकि पीएम के संबोधन के विषय को लेकर अभी तक आधिकारिक रूप से कोई विस्तृत जानकारी साझा नहीं की गई है, लेकिन माना जा रहा है कि वह इस मुद्दे पर अपनी बात रख सकते हैं।

सूत्रों के मुताबिक, शुक्रवार को संसद में संविधान (131वां संशोधन) विधेयक को पास कराने की कोशिश की गई, लेकिन विपक्ष के विरोध के चलते यह संभव नहीं हो पाया। इस बिल का मुख्य उद्देश्य देश की विधायिकाओं में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देना और वर्ष 2029 तक इसे लागू करना था। इसके साथ ही लोकसभा सीटों की संख्या बढ़ाकर 816 करने का प्रस्ताव भी इसमें शामिल था।

इस घटनाक्रम के बाद हुई कैबिनेट बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी विपक्ष पर काफी आक्रामक नजर आए। उन्होंने विपक्षी दलों पर महिलाओं के अधिकारों की अनदेखी करने का आरोप लगाया और कहा कि इस बिल का समर्थन न करना महिलाओं के खिलाफ खड़े होने जैसा है। उन्होंने यह भी कहा कि विपक्ष की यह राजनीतिक रणनीति एक बड़ी गलती साबित होगी और आने वाले समय में उन्हें इसकी कीमत चुकानी पड़ सकती है।

Advertisement

प्रधानमंत्री ने अपने सहयोगियों से यह भी कहा कि इस मुद्दे को देश के हर कोने तक पहुंचाया जाना चाहिए, ताकि लोगों को यह संदेश मिले कि सरकार महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए प्रतिबद्ध है, जबकि विपक्ष इस दिशा में बाधा बन रहा है।

महिला आरक्षण बिल के पास न हो पाने को केंद्र सरकार के लिए एक बड़ा राजनीतिक झटका माना जा रहा है। हालांकि सत्ता पक्ष का कहना है कि वह महिलाओं के अधिकारों और उनके राजनीतिक प्रतिनिधित्व को बढ़ाने के लिए अपने प्रयास जारी रखेगा और भविष्य में इस बिल को फिर से पेश किया जा सकता है।

देशभर में इस मुद्दे को लेकर राजनीतिक बहस तेज हो गई है और अब सबकी नजरें प्रधानमंत्री के आज रात होने वाले संबोधन पर टिकी हुई हैं, जिसमें वह इस पूरे घटनाक्रम पर अपनी प्रतिक्रिया दे सकते हैं और आगे की रणनीति का संकेत दे सकते हैं।

इस खबर पर आपकी प्रतिक्रिया?

आपकी राय

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *