
अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव में जीत के बाद रिपब्लिकन पार्टी के उम्मीदवार डोनाल्ड ट्रंप ने बुधवार (6 नवंबर, 2024) को पहला भाषण दिया. उन्होंने टेस्ला के सीईओ एलन मस्क का खास तौर पर जिक्र किया. फ्लोरिडा में भाषण देते हुए डोनाल्ड ट्रंप ने एलन मस्क के लिए कहा कि स्टार का जन्म हो गया है. यह सुनते ही भीड़ उनकी बात के समर्थन में जोर से चिल्लाने लगी.
डोनाल्ड ट्रंप ने आगे कहा कि एलन मस्क अमेजिंग हैं और चुनाव अभियान के लिए वह फिलाडेलफिया और पेनिनसिल्वेनिया के अलग-अलग इलाकों में दो हफ्ते के लिए रहे. डोनाल्ड ट्रंप ने एलन मस्क की कंपनी स्पेसएक्स के मिड एयर सुपर हेवी बूस्टर रॉकेट की पांचवीं टेस्ट फ्लाइट की भी बात की और कहा कि यह सिर्फ एलन मस्क ही कर सकते हैं.
Fortune के अनुसार एलन मस्क शुरुआत से डोनाल्ड का समर्थन कर रहे हैं और उन्होंने ट्रंप की चुनावी रैलियों और रिपब्लिकन के अन्य उम्मीदवारों के कैंपेन में 132 मिलियन डॉलर का निवेश किया है. एलन मस्क ने जितना पैसा ट्रंप की इलेक्शन कैंपेन पर खर्च किया है, वह कैंपेन के कुल खर्च का एक तिहाई है.
अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव की दूसरी उम्मीदवार डेमोक्रेटिक पार्टी की नेता और उपराष्ट्रपति कमला हैरिस के लिए 83 अरबपतियों ने निवेश किया. राष्ट्रपति चुनाव में 132 अरबपतियों और तीन सेंटीबिलियनेर ने निवेश किया है. तीन सेंटीबिलियनेर में एलन मस्क, माइक्रोसॉफ्ट के सीईओ बिल गेट्स और न्यूयॉर्क के पूर्व मेयर मिशेल ब्लूमबर्ग हैं, जिनकी संपत्ति 100 अरब से ज्यादा है. एलन मस्क ने डोनाल्ड ट्रंप के लिए निवेश किया, जबकि कमला हैरिस के सपोर्ट में बिल गेट्स और मिशेल ब्लूमबर्ग थे.
चुनाव अभियान में निवेश की बात करें तो कमला हैरिस के कैंपेन में ज्यादा पैसा खर्चा हुआ है, जो कि डोनाल्ड ट्रंप के कैंपन से लगभग दोगुना है. जनवरी, 2023 से इस साल 30 अक्टूबर तक कमला हैरिस के चुनाव अभियान पर कुल 998 मिलियन डॉलर खर्च हुआ. उनके सपोर्ट में बिल गेट्स और मिशेल ब्लूमबर्ग के अलावा 82 अरबपति भी थे. इस दौरान डोनाल्ड ट्रंप के कैंपेन में कुल 392 मिलियन डॉलर खर्च हुआ और एलन मस्क के अलावा 51 अरबपति भी उनका सपोर्ट कर रहे थे.
न्यूयॉर्क टाइम्स के अनुसार बिल गेट्स ने कमला हैरिस के लिए फ्यूचर फॉरवर्ड यूएसए एक्शन को 50 मिलियन डॉलर दिए थे. यह एक एक नॉनप्रोफिट ऑर्गेनाइजेश है, जो कमला हैरिस को सपोर्ट करता है. फोर्ब्स की रिपोर्ट है कि मिशेल ब्लूमबर्ग ने इस ऑर्गेनाइजन को 100 मिलियन डॉलर दिए थे.


