तमिलनाडु करूर भगदड़: मृतकों की संख्या 40 पहुंची, स्वास्थ्य सचिव ने दी जानकारी
तमिलनाडु के करूर जिले में अभिनेता से नेता बने विजय की पार्टी तमिलगा वेत्री कषगम (टीवीके) की रैली में मचे भगदड़ के बाद हालात लगातार गंभीर बने हुए हैं। हादसे में मृतकों की संख्या बढ़कर 40 हो गई है। जानकारी के मुताबिक, करूर के सरकारी अस्पताल में इलाज के दौरान एक और व्यक्ति की मौत हो गई, जिससे मृतकों का आंकड़ा 39 से बढ़कर 40 हो गया। इस घटना में अभी भी कई लोग घायल अवस्था में अस्पतालों में भर्ती हैं।
तमिलनाडु के स्वास्थ्य सचिव पी. सेंथिल कुमार ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि हादसे में 17 महिलाएं, 13 पुरुष, चार लड़के और पांच लड़कियां अपनी जान गंवा चुकी हैं। कुल 30 शवों का पोस्टमार्टम पूरा कर परिजनों को सौंप दिया गया है। उन्होंने कहा कि 26 घायलों को इलाज के बाद छुट्टी दे दी गई है, जबकि 67 लोग अब भी अस्पताल में भर्ती हैं, जिनमें दो की हालत गंभीर बनी हुई है। एक गंभीर रूप से घायल मरीज को बेहतर उपचार के लिए मदुरै के सरकारी अस्पताल रेफर किया गया है।
इसी बीच टीवीके ने इस हादसे की स्वतंत्र और निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए मद्रास उच्च न्यायालय की मदुरै पीठ का दरवाजा खटखटाया है। टीवीके के उप महासचिव निर्मल कुमार ने संवाददाताओं को बताया कि अदालत ने मामले की सुनवाई के लिए सहमति दे दी है। न्यायमूर्ति कल दोपहर 2 बजकर 15 मिनट पर इस पर सुनवाई करेंगे। निर्मल कुमार ने कहा कि अदालत की कार्यवाही के बाद ही पार्टी अपना आधिकारिक बयान जारी करेगी।
इस बीच प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने भी हादसे पर गहरा शोक जताते हुए मृतकों के परिजनों को प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष से दो-दो लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने का ऐलान किया है। इसके साथ ही घायलों को पचास-पचास हजार रुपये आर्थिक मदद दी जाएगी।
करूर की इस भयावह घटना ने राज्य की राजनीति और समाज दोनों को झकझोर कर रख दिया है। लोग सवाल उठा रहे हैं कि आखिर सुरक्षा इंतज़ामों में कमी कैसे रह गई, जिसकी वजह से इतनी बड़ी संख्या में निर्दोष लोगों की जान चली गई। अब अदालत की निगरानी में होने वाली जांच से साफ होगा कि इस हादसे के पीछे लापरवाही किस स्तर पर हुई।



