Maharishi Vashistha Gaushala: महर्षि वशिष्ठ गौशाला मैनेजमेंट एंड रिसर्च सेंटर का अध्यक्ष मनोनीत हुए संजय वशिष्ठ
नई दिल्ली,(रविंद्र कुमार): देश में गौसंवर्धन, नस्ल सुधार और आधुनिक गौशाला प्रबंधन के क्षेत्र में सक्रिय महर्षि वशिष्ठ गौशाला अनुसंधान केंद्र की कार्यकारिणी समिति की एक महत्वपूर्ण बैठक मयूर विहार स्थित मुख्यालय में संपन्न हुई। बैठक में लिए गए अहम फैसले के तहत सर्वसम्मति से वरिष्ठ समाजसेवी संजय वशिष्ठ को संस्था का नया अध्यक्ष मनोनीत घोषित किया गया। इस घोषणा के साथ ही केंद्र के भविष्य की योजनाओं और विस्तार को लेकर नई उम्मीदें भी जुड़ गई हैं।
बैठक की अध्यक्षता कार्यकारिणी निदेशक गायत्री वशिष्ठ ने की, जिसमें कोर कमेटी के सभी सदस्यों ने सक्रिय भागीदारी निभाई। लंबी चर्चा और विचार-विमर्श के बाद सभी सदस्यों ने एकमत होकर संजय वशिष्ठ के नाम पर सहमति जताई। सदस्यों का मानना है कि उनके अनुभव, नेतृत्व क्षमता और सामाजिक सरोकारों के प्रति समर्पण से संस्था को नई ऊर्जा और दिशा मिलेगी।
इस अवसर पर केपी सिंह, पवन कुमार, संदीप अग्रवाल, संध्या सिंह , एस एस डोगरा,इम्तियाज हुसैन, राजेश डंडरियाल,दिनेश कुमार शर्मा, अनिमेष, डॉ. अनुराधा, राजीव चौहान सहित अनेक गणमान्य सदस्य उपस्थित रहे। सभी ने नवनियुक्त अध्यक्ष का स्वागत करते हुए संस्था के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

गौरतलब है कि महर्षि वशिष्ठ गौशाला अनुसंधान केंद्र लंबे समय से गायों के संरक्षण, संवर्धन और वैज्ञानिक पद्धति से नस्ल सुधार के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य कर रहा है। संस्था न केवल पारंपरिक गौ-सेवा को बढ़ावा देती है, बल्कि आधुनिक तकनीकों और शोध आधारित दृष्टिकोण को अपनाकर गौशाला प्रबंधन को अधिक प्रभावी और टिकाऊ बनाने पर भी जोर देती है। इसके तहत पशु स्वास्थ्य, पोषण, दुग्ध उत्पादन बढ़ाने, जैविक खेती से जुड़ाव और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त करने जैसे विषयों पर भी कार्य किया जा रहा है।
बैठक के दौरान संस्था ने एक और महत्वपूर्ण प्रस्ताव पारित किया। निर्णय लिया गया कि आगामी वर्ल्ड मिल्क डे (1 जून) के अवसर पर गायों के संवर्धन और दुग्ध क्षेत्र के विकास से जुड़े विषयों पर एक विशेष सम्मेलन का आयोजित किया जायेगा। इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान के शामिल होने की संभावना है। संस्था के पदाधिकारियों ने बताया कि कार्यक्रम की विस्तृत रूपरेखा जल्द ही सार्वजनिक की जाएगी।
नवनियुक्त मनोनीत अध्यक्ष संजय वशिष्ठ ने अपने संबोधन में सभी सदस्यों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह जिम्मेदारी उनके लिए सम्मान के साथ-साथ एक बड़ा दायित्व भी है। उन्होंने कहा कि संस्था के उद्देश्यों को आगे बढ़ाते हुए गौसंवर्धन, अनुसंधान और नवाचार के क्षेत्र में ठोस कार्य किए जाएंगे। साथ ही उन्होंने संकेत दिया कि आने वाले समय में प्रशिक्षण कार्यक्रम, जागरूकता अभियान और विभिन्न राज्यों में विस्तार की योजनाओं पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
बैठक के अंत में यह भी तय किया गया कि संस्था अपने अनुसंधान कार्यों को और सुदृढ़ करेगी तथा युवाओं और किसानों को गौ-आधारित अर्थव्यवस्था से जोड़ने के लिए विशेष पहल शुरू की जाएगी।
इस निर्णय को गौसेवा और अनुसंधान के क्षेत्र में एक सकारात्मक और दूरगामी कदम माना जा रहा है, जिससे न केवल संस्था बल्कि समाज के व्यापक वर्ग को लाभ मिलने की उम्मीद है।



