Goregaon Fire: गोरेगांव के रिहायशी मकान में भीषण आग, एक ही परिवार के तीन सदस्यों की मौत
मुंबई के गोरेगांव इलाके से एक दर्दनाक हादसे की खबर सामने आई है, जहां तड़के सुबह एक रिहायशी मकान में भीषण आग लगने से एक ही परिवार के तीन लोगों की जान चली गई। यह घटना गोरेगांव स्थित भगत सिंह नगर इलाके की है, जिसने पूरे क्षेत्र को गहरे सदमे में डाल दिया है। मृतकों में 19 वर्षीय युवती, 12 वर्षीय किशोर और परिवार के मुखिया शामिल हैं।
मुंबई फायर ब्रिगेड के अनुसार, आग लगने की सूचना सुबह करीब 3 बजकर 6 मिनट पर कंट्रोल रूम को मिली। बताया गया कि आग एक ग्राउंड प्लस वन मंजिला मकान में लगी थी। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की गाड़ियां मौके के लिए रवाना की गईं। शुरुआती जानकारी के अनुसार, आग सबसे पहले मकान के ग्राउंड फ्लोर पर लगी, जहां बिजली की वायरिंग और घरेलू सामान मौजूद था। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया और पहली मंजिल पर रखे कपड़े और अन्य सामान भी इसकी चपेट में आ गए।
आग की लपटें उठते देख आसपास के लोग तुरंत मौके पर पहुंचे और पानी की बाल्टियों से आग बुझाने की कोशिश शुरू कर दी, लेकिन आग इतनी तेज थी कि स्थानीय लोगों के प्रयास नाकाफी साबित हुए। कुछ ही देर में फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सबसे पहले इलाके की बिजली आपूर्ति बंद कराई गई और फिर आग बुझाने का अभियान शुरू किया गया। करीब 10 मिनट की मशक्कत के बाद सुबह 3 बजकर 16 मिनट पर आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया।
इस दौरान मकान के भीतर फंसे तीन लोगों को बाहर निकाला गया और पुलिस तथा निजी वाहनों की मदद से उन्हें गोरेगांव स्थित ट्रॉमा केयर अस्पताल पहुंचाया गया। हालांकि, अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने तीनों को मृत घोषित कर दिया। मृतकों की पहचान हर्षदा पावस्कर (19), कुशल पावस्कर (12) और संजोग पावस्कर (48) के रूप में हुई है। अधिकारियों के अनुसार, तीनों को आग में गंभीर रूप से झुलसने की चोटें आई थीं, जिससे उनकी मौके पर ही हालत बेहद नाजुक हो गई थी।
घटना के बाद पूरे इलाके में मातम का माहौल है। पड़ोसियों का कहना है कि परिवार बेहद शांत स्वभाव का था और रोजमर्रा की तरह ही रात में सभी सो रहे थे, तभी यह हादसा हो गया। फिलहाल आग लगने के सटीक कारणों का पता नहीं चल पाया है, लेकिन शुरुआती जांच में शॉर्ट सर्किट की आशंका जताई जा रही है। पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम मामले की विस्तृत जांच कर रही है ताकि आग लगने की असली वजह सामने आ सके और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।



