Food Adulteration: मिलावट के खिलाफ मुख्यमंत्री का सड़क पर उतरना जन स्वास्थ्य के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता का प्रमाण : रोमेश चंद्र गुप्ता
नई दिल्ली (रविंद्र कुमार): राजधानी दिल्ली में त्योहारों के दौरान खाद्य पदार्थों में मिलावट करने वालों के खिलाफ दिल्ली सरकार की सख्त कार्रवाई ने स्पष्ट संदेश दिया है कि आम जनता के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। मोरी गेट स्थित खोया मंडी में खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम द्वारा लगभग 6,700 किलो संदिग्ध और अस्वच्छ खोया जब्त कर नष्ट कराया जाना मिलावटखोरों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई मानी जा रही है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने स्वयं मौके पर पहुंचकर कार्रवाई का जायजा लिया और अधिकारियों को मिलावट के खिलाफ अभियान को और अधिक प्रभावी बनाने के निर्देश दिए।
दिल्ली नगर निगम की शिक्षा समिति के पूर्व चेयरमैन एवं वरिष्ठ भाजपा नेता रोमेश चंद्र गुप्ता ने मुख्यमंत्री की इस पहल का स्वागत करते हुए कहा कि उनका स्वयं मौके पर पहुंचना इस बात का प्रमाण है कि दिल्ली सरकार जनहित से जुड़े मुद्दों को केवल कागजों तक सीमित नहीं रख रही, बल्कि जमीनी स्तर पर उतरकर कार्रवाई कर रही है। उन्होंने कहा कि खाद्य पदार्थों में मिलावट केवल कानून का उल्लंघन नहीं है, बल्कि यह आम नागरिकों के जीवन और स्वास्थ्य के साथ गंभीर खिलवाड़ है। इस तरह के अपराधों पर प्रभावी रोक लगाने के लिए सरकार की सख्ती बेहद आवश्यक है।
रोमेश चंद्र गुप्ता ने कहा कि त्योहारों के अवसर पर प्रत्येक परिवार अपने बच्चों और परिजनों के लिए मिठाइयां तथा अन्य खाद्य सामग्री खरीदता है। ऐसे समय में बाजारों में मिलावटी खोया और दूषित खाद्य पदार्थों की मौजूदगी लोगों के स्वास्थ्य के लिए गंभीर चिंता का विषय है। करीब 6,700 किलो संदिग्ध खोया जब्त कर नष्ट कराया जाना दर्शाता है कि सरकार अब इस तरह के अवैध कारोबार के खिलाफ गंभीरता से कदम उठा रही है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने स्वयं मौके पर पहुंचकर अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं, जिससे खाद्य सुरक्षा विभाग की कार्रवाई में और तेजी आने की उम्मीद है।
उन्होंने आगे कहा कि केवल छापेमारी करके संदिग्ध खाद्य सामग्री जब्त कर लेना पर्याप्त नहीं है, बल्कि इस अवैध कारोबार के पीछे सक्रिय लोगों और पूरे नेटवर्क तक पहुंचना भी जरूरी है। जब्त किए गए खाद्य पदार्थों के नमूनों की प्रयोगशालाओं में जांच कराई जानी चाहिए और जांच में दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ नियमानुसार कठोर कार्रवाई होनी चाहिए। तभी इस अभियान के वास्तविक और स्थायी परिणाम सामने आ सकेंगे। उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि दिल्ली की प्रत्येक खोया मंडी, डेयरी, मिठाई की दुकान और खाद्य सामग्री के भंडारण केंद्रों की नियमित निगरानी सुनिश्चित की जाए, ताकि मिलावटखोरों को अपना कारोबार फैलाने का अवसर न मिले।
रोमेश चंद्र गुप्ता ने कहा कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में दिल्ली सरकार द्वारा शुरू की गई यह पहल आम जनता के बीच भरोसा मजबूत करेगी। जन स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए सरकार का यह प्रयास सराहनीय है और इसे लगातार जारी रखा जाना चाहिए। उन्होंने उम्मीद जताई कि दिल्ली को मिलावट मुक्त बनाने के लिए सरकार भविष्य में भी इसी तरह सख्त और प्रभावी कदम उठाती रहेगी, ताकि त्योहारों के दौरान बाजारों में बिकने वाली खाद्य सामग्री लोगों के स्वास्थ्य के लिए खतरा न बने और हर परिवार बिना किसी चिंता के त्योहारों की खुशियां मना सके।





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