Faridabad Run for Unity: फरीदाबाद में ‘रन फॉर यूनिटी’ का आयोजन, चार प्रमुख मार्ग रहेंगे बंद — सरदार पटेल की जयंती पर एकता और देशभक्ति का संदेश देंगे युवा
फरीदाबाद में लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती को राष्ट्रीय एकता दिवस के रूप में बड़े उत्साह के साथ मनाया जाएगा। इस अवसर पर शुक्रवार को ‘हरियाणा उदय अभियान’ के तहत पहली बार खंड स्तर पर “रन फॉर यूनिटी” का आयोजन किया जाएगा। जिला स्तरीय कार्यक्रम सेक्टर-12 स्थित राज्य खेल परिसर में आयोजित होगा, जिसमें एक हजार से अधिक खिलाड़ी, अधिकारी और नागरिक भाग लेंगे। इस दौरान सुबह 7:00 बजे से 8:00 बजे तक चार प्रमुख मार्गों पर वाहनों की आवाजाही पूरी तरह से बंद रहेगी।
रन फॉर यूनिटी को लेकर जिला प्रशासन और खेल विभाग ने सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं। गुरुवार को विधायक मूलचंद शर्मा ने अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की और कार्यक्रम के सफल संचालन के लिए उचित व्यवस्था करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यह आयोजन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “जनभागीदारी से राष्ट्र निर्माण” के विजन से प्रेरित है, जिसका उद्देश्य युवाओं में देशभक्ति, एकता और जिम्मेदारी की भावना को सशक्त बनाना है।
कार्यक्रम के दौरान वाहनों की आवाजाही पर विशेष नियंत्रण रहेगा। खेल परिसर वाली सड़क, टाउन पार्क मार्ग, एचएसवीपी कार्यालय रोड और कोर्ट रोड पर एक घंटे तक केवल पैदल आवाजाही की अनुमति दी जाएगी। पुलिस प्रवक्ता यशपाल के अनुसार, रन फॉर यूनिटी की सुरक्षा और यातायात व्यवस्था संभालने के लिए 40 से अधिक पुलिसकर्मियों को तैनात किया जाएगा। रूट पर किसी भी प्रकार की अव्यवस्था न हो, इसके लिए पुलिस बल सुबह से ही मुस्तैद रहेगा।
रन फॉर यूनिटी सेक्टर-12 खेल परिसर से शुरू होकर पेट्रोल पंप रेड लाइट, टाउन पार्क, एचएसवीपी कार्यालय और कोर्ट रोड होते हुए वापस खेल परिसर में समाप्त होगी। इस दौरान प्रतिभागी एकता और राष्ट्रीय समरसता का संदेश देंगे। कार्यक्रम में खेल विभाग के खिलाड़ियों के साथ-साथ सामाजिक संस्थाओं, प्रशासनिक अधिकारियों और आम नागरिकों की भी सक्रिय भागीदारी रहेगी।
विधायक मूलचंद शर्मा ने बताया कि यह आयोजन केवल एक दौड़ नहीं बल्कि राष्ट्रीय एकता का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि छह अक्टूबर को शुरू किए गए “Sardar@150 Unity March” के तहत यह राष्ट्रव्यापी कार्यक्रम युवाओं को एकता, देशभक्ति और कर्तव्यनिष्ठा का संदेश देगा। इस पहल के तहत 31 अक्तूबर से 25 नवंबर तक जिलों में 8 से 10 किलोमीटर लंबी पदयात्राएं आयोजित की जाएंगी। इसके अलावा विद्यालयों और महाविद्यालयों में निबंध, वाद-विवाद, नुक्कड़ नाटक, स्वदेशी मेला, संगोष्ठी, रक्तदान और स्वास्थ्य शिविर जैसे कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे ताकि युवाओं में सामाजिक भागीदारी और राष्ट्रप्रेम की भावना को मजबूत किया जा सके।



