नए साल के मौके पर जम्मू-कश्मीर में दहशतगर्दों ने खूनी खेल खेला जिसमें तीन नागरिकों की मौत हो गई। आज देर शाम राजौरी में आतंकियों ने तीन हिंदू परिवारों के घर पर फायरिंग कर दी। इसमें कम से कम तीन की मौत हो गई जबकि चार लोग घायल हो गए। जानकारी मिलते ही सुरक्षाकर्मियों ने घायलों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया है। पूरे इलाके की घेराबंदी कर आतंकियों की तलाश शुरू कर दी है। बताया जा रहा है की आतंकियों ने पहले एक घर में घुसकर आधार कार्ड देखे और फिर फायरिंग कर दी। एक-एक कर तीन घरों को निशाना बनाकर आतंकी मौके से फरार हो गए। हमले में गंभीर रूप से घायल सात लोगों को राजोरी मेडिकल कॉलेज पहुंचाया गया, जहां से तीन को एयरलिफ्ट कर जम्मू जीएमसी शिफ्ट किया गया। पहली नजर में यह वारदात टारगेट किलिंग की बताई जा रही है। लश्कर-ए ताइबा के संगठन टीआरएफ ने हमले की जिम्मेदारी ली है। सेना और पुलिस ने पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी है। देर रात तक रुक-रुक कर गोलीबारी होती रही।
राजौरी में चिकित्सा अधीक्षक डॉ. महमूद ने जानकारी दी कि राजौरी के डांगरी इलाके में फायरिंग की घटना हुई है। इसमें 3 लोगों की जान गई है। वहीं 7 घायल हो गए हैं। घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया और इलाज किया जा रहा है। पुलिस व जिला प्रशासन मौके पर पहुंच गया है। डॉ महमूद ने कहा कि घायलों के शरीर पर गोलियों के कई निशान हैं। इससे पहले जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में आतंकवादियों ने कथित तौर पर राजपोरा इलाके में सुरक्षाकर्मियों का हथियार छीन लिया था। वहींं, 16 दिसंबर 2022 को राजौरी जिले में भारतीय सेना के एक संतरी द्वारा कथित तौर पर फायरिंग की घटना में दो नागरिकों की मौत हो गई।



