UP Crime: सुल्तानपुर में अयोध्या पुलिस पर जानलेवा हमला, वारंटी को पकड़ने गई टीम पर परिवार का हमला, दारोगा-सिपाही घायल, सर्विस रिवॉल्वर लूटी
उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर में गुरुवार सुबह एक बड़ा और चौंकाने वाला मामला सामने आया, जहां अयोध्या के कुमारगंज थाने की पुलिस टीम पर दबिश के दौरान जानलेवा हमला कर दिया गया। पुलिस टीम वारंटी दशरथ सिंह को पकड़ने के लिए सिविल ड्रेस में डोभियारा गांव (लाला का पुरवा मजरा) पहुंची थी, लेकिन वहां पहले से मौजूद वारंटी और उसके परिजनों ने टीम पर अचानक हमला बोल दिया। इस हमले में उप निरीक्षक अकील हुसैन, उप निरीक्षक भानु प्रताप शाही और कांस्टेबल उमेश गौतम बुरी तरह घायल हो गए।
घटना तब हुई जब टीम आरोपी को गिरफ्तार करने की कोशिश कर रही थी। हमलावरों ने न केवल पुलिसकर्मियों को लाठी-डंडों से पीटा, बल्कि उप निरीक्षक अकील हुसैन की सर्विस रिवॉल्वर और मोबाइल फोन भी छीनकर मौके से फरार हो गए। पुलिसकाऱ्यों पर यह हमला बेहद संगठित तरीके से किया गया और आरोपियों ने गिरफ्तारी से बचने के लिए हथियार भी लूट लिए, जिससे मामले की गंभीरता और बढ़ गई है।
पुलिस के अनुसार, यह पूरी घटना 14 नवंबर को हुए एक पुराने जानलेवा हमले से जुड़ी है। पीड़ित राहुल मिश्रा ने शिकायत में बताया था कि सुबह लेबर लेने के विवाद को लेकर उसका दोस्त अवनीश तिवारी और सुभाष उर्फ अंशुमान के बीच झगड़ा हुआ था। रंजिश बढ़ने पर उसी शाम सुभाष और आदर्श सिंह बुलेट मोटरसाइकिल पर आए और राहुल पर गोली चलाकर हत्या का प्रयास किया। गनीमत रही कि राहुल बाल-बाल बच गया। इस मामले में आरोपी वारंटी सुभाष और उसके साथियों की तलाश में पुलिस टीम गांव पहुंची थी।
हमले के बाद पुलिस ने तुरंत इलाके की घेराबंदी की, लेकिन आरोपी और उसके परिजन फरार हो गए। सीओ बल्दीराय आशुतोष कुमार ने बताया कि पांच नामजद और चार अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और उनकी गिरफ्तारी के लिए कई थानों की टीमें लगाई गई हैं। आरोपियों पर सरकारी कार्य में बाधा डालने, मारपीट, जानलेवा हमला, शस्त्र लूटने और अन्य गंभीर धाराओं में केस दर्ज किया गया है।
घटना के बाद पूरे पुलिस विभाग में आक्रोश है और अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि सरकारी ड्यूटी में बाधा डालने और पुलिस पर जानलेवा हमला करने वाले किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा। फरार वारंटी और उसके सहयोगियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की तैयारी है।



