संयुक्त राष्ट्र ने सोमवार को जारी अपनी जनसंख्या रिपोर्ट में अनुमान जताया कि भारत 2023 में चीन को पीछे छोड़ते हुए दुनिया का सबसे अधिक आबादी वाला देश बन जाएगा। हालांकि यूएन की रिपोर्ट के विपरीत चीन की जनसंख्या पर रिसर्च करने वाले एक प्रमुख शोधकर्ता ने कहा कि दक्षिण एशियाई देश भारत पहले ही चीन को पीछे छोड़ चुका है। उन्होंने कहा कि भारत अब दुनिया में सबसे ज्यादा आबादी वाला देश है।
विस्कॉन्सिन यूनिवर्सिटी के शोधकर्ता और लेखक यी फुक्सियन ने तर्क दिया
विस्कॉन्सिन यूनिवर्सिटी के शोधकर्ता और लेखक यी फुक्सियन ने तर्क दिया है कि भारत की जनसंख्या 8 साल पहले 2014 में ही चीन की आबादी को पार कर गई थी। नाम न छापने की शर्त पर दो अन्य चीनी जनसंख्या विशेषज्ञों ने कहा कि यी का तर्क सही है। यी ने संयुक्त राष्ट्र की रिपोर्ट जारी होने के बाद ट्वीट किया, “चीन में जन्मदर 1991 में ही घटने लगी थी और 2004 या 2011 में इसमें कोई पीक नहीं आया था। चीन की जनसंख्या अब 1.28 अरब से कम है, नाकि आधिकारिक तौर पर बताई गई 1.41 अरब है। चीन की जनसंख्या 2018 में ही घटने लगी थी न कि 2031 में घटेगी।”
2014 में, भारत की जनसंख्या फिर से चीन से आगे निकल गई
बता दें कि आधिकारिक तौर पर भविष्यवाणी की गई है कि चीन की जनसंख्या 2031 से घटने लगेगी। ब्रिटिश अर्थशास्त्री, एंगस मैडिसन का जिक्र करते हुए, यी ने एचटी को बताया: “भारत और चीन बारी-बारी से सन 1700 तक दुनिया में सबसे अधिक आबादी वाले देश थे। लेकिन वर्ष 1820 से लेकर 2013 तक चीन की आबादी भारत की तुलना में लगातार बड़ी थी। 1882 में चीन की जनसंख्या 38.1 करोड़, भारत की 20.9 करोड़ और अमेरिका की 9.98 करोड़ थी। 2014 में, भारत की जनसंख्या फिर से चीन से आगे निकल गई।



