Delhi Congress organization campaign: कांग्रेस में जिलाध्यक्ष बनने के लिए लगी होड़, हर जिले से दावेदारों की लंबी लाइन
अश्वनी भारद्वाज
नई दिल्ली, संगठन सृजन अभियान के तहत अन्य राज्यों की तरह राजधानी दिल्ली में कांग्रेस जिला अध्यक्ष चयन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है. सभी 14 जिलों के लिए अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की तरफ से पर्यवेक्षक नियुक्त किए गए है और ज्यादातर नें अपने -अपने प्रभार वाले जिलों में विधानसभा स्तर पर अपना काम करना भी शुरू कर दिया है. सभी पर्यवेक्षक बाहर से आए है लिहाजा प्रदेश नेतृत्व नें उनका काम आसान करने तथा सहायता के लिए तीन तीन वरिष्ठ नेताओं को भी लगा दिया है. हालाँकि उनकी इस प्रक्रिया में सीमित भूमिका रहने वाली है लेकिन जिलाध्यक्ष चयन को ले पार्टी इतनी गंभीर शायद पहली बार ही दिख रही है, भले ही कुछ लोग इसे कागजी प्रक्रिया बता रहे हैं लेकिन हमारा मानना है इस प्रक्रिया नें अपने शुरुवाती चरण में ही काफी गति पकड़ ली है और उसकी वजह यह मानी जा रही है खुद राहुल गाँधी की पहल पर ऐसा किया जा रहा है.
दरअसल राहुल गांधी जिलाध्यक्ष जैसे महत्वपूर्ण पद पर जमीनी व्यक्ति को कार्यकर्ताओं की पसंद से नियुक्त करना चाहते हैं और इसीलिए रायशुमायरी की जा रही है और वह भी बंद कमरे में वन टू वन, समझ गए ना आप हाई कमान के पर्यवेक्षक एक -एक व्यक्ति से राय ले रहे है और पर्यवेक्षक राय देने वालों का पूरा ब्यौरा भी अपने रिकार्ड में दर्ज कर रहे हैं. हर पर्यवेक्षक को अपने जिले से कम से कम तीन और ज्यादा से ज्यादा छह नाम देने है जिसमें एक महिला और एस. सी. तथा ओ. बी. सी. का नाम भी देने को कहा गया है. ऐसे में हर जिले से वर्तमान अध्यक्ष के अलावा दस से बारह लोगो के नाम आने की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता. नामों का पैनल केंद्रीय समिति को सौंपा जाएगा उक्त समिति में पार्टी के संगठन महामंत्री के. सी. वेणुगोपाल, दिल्ली प्रभारी काज़ी निजामुद्दीन तथा पैनल बनाने वाले प्रभारी अपने -अपने जिले की बैठक में शामिल रहेंगे. जहां तक वर्तमान जिलाध्यक्षओं का सवाल है वे भी इस दौड़ में शामिल हैं लेकिन उनके साथ -साथ अन्य दावेदार भी बड़ी संख्या में शामिल होने जा रहे है जिनमे हर जिले में पूर्व विधायक भी खाली बैठे होने के चलते अपना नंबर लगवाने की जुगात भिड़ा रहे हैं और पर्यवेक्षकों की रायशुमारी में अपने समर्थको को भेज रहे हैं. कुल मिलाकर कांग्रेस नेता तथा वर्करों को कुछ समय के लिए अच्छा खासा काम मिल गया है. कौन -कौन दावेदार हैं इसकी चर्चा फिर कभी. आज बस इतना ही…..



