Muskan Murder Case: मॉडल मुस्कान की हत्या के आरोपी इमरान का एनकाउंटर, तीन गोलियां पैरों में लगीं; 15 से ज्यादा टीमें कर रही थीं तलाश
नई दिल्ली। पश्चिमी दिल्ली के तिलक नगर में दिल्ली विश्वविद्यालय की 21 वर्षीय छात्रा, मॉडल और कंटेंट क्रिएटर मुस्कान की हत्या के आरोपी आकिब उर्फ इमरान को पुलिस ने मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के मुताबिक, मुठभेड़ के दौरान आरोपी ने चार गोलियां चलाईं, जबकि पुलिस की तरफ से सात राउंड फायर किए गए। गोलीबारी में तीन गोलियां इमरान के पैरों में लगीं। घायल होने के बाद पुलिस ने उसे काबू में लेकर गिरफ्तार कर लिया।
मुस्कान की 26 अगस्त को उसके घर में चाकू मारकर हत्या कर दी गई थी। वारदात के बाद से आरोपी इमरान फरार था। पुलिस ने उसे पकड़ने के लिए बड़े स्तर पर अभियान शुरू किया था और 15 से अधिक टीमों को उसकी तलाश में लगाया गया था।
पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक, हत्या के बाद पूरे जिले में बैरिकेडिंग और जांच चौकियां बनाई गई थीं। आरोपी के संभावित ठिकानों पर लगातार नजर रखी जा रही थी। पुलिस का कहना है कि इमरान गिरफ्तारी से बचने के लिए बार-बार अपना ठिकाना बदल रहा था।
इसी दौरान पुलिस को आरोपी के बारे में महत्वपूर्ण सूचना मिली। इसके आधार पर विशेष कर्मियों और आतंकवाद रोधी दस्ते यानी ATS की टीम ने उसे पकड़ने के लिए जाल बिछाया। पुलिस का दावा है कि जब टीम ने इमरान को रोकने का प्रयास किया तो उसने फायरिंग शुरू कर दी।
पुलिस अधिकारी के अनुसार, इमरान ने पुलिस टीम की ओर चार गोलियां चलाईं। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने सात राउंड फायर किए। इस दौरान तीन गोलियां आरोपी के पैरों में लगीं और वह घायल होकर गिर गया। इसके बाद पुलिसकर्मियों ने उसे काबू में लेकर गिरफ्तार कर लिया।
इमरान को घायल अवस्था में इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया गया। पुलिस अब उससे मुस्कान की हत्या और वारदात के बाद फरार रहने के दौरान उसके ठिकानों तथा मददगारों के बारे में पूछताछ कर रही है।
आरोपी की गिरफ्तारी के साथ ही मुस्कान हत्याकांड से जुड़े कई महत्वपूर्ण तथ्य भी सामने आए हैं। पुलिस के मुताबिक, 26 वर्षीय आकिब उर्फ इमरान पेशे से जिम ट्रेनर था और वह करीब 18 महीने से मुस्कान को जानता था।
दोनों की पहली मुलाकात एक जिम में हुई थी, जहां इमरान ट्रेनर के तौर पर काम करता था और मुस्कान वहां जिम करने जाती थी। इसी दौरान दोनों एक-दूसरे के संपर्क में आए थे।
मुस्कान दिल्ली विश्वविद्यालय के स्कूल ऑफ ओपन लर्निंग यानी SOL में सेकंड ईयर की छात्रा थी। पढ़ाई के साथ वह कंटेंट क्रिएशन और मॉडलिंग से भी जुड़ी हुई थी। उसकी बड़ी बहन भी मॉडलिंग से जुड़ी बताई गई है।
परिवार के परिचितों के मुताबिक, मुस्कान चार भाई-बहनों में सबसे छोटी थी। वह पश्चिमी दिल्ली में मंगला हॉस्पिटल के पास एक किराए के मकान में अपने माता-पिता और भाई-बहनों के साथ रहती थी।
वहीं, इमरान के बारे में जिम के एक कर्मचारी ने बताया कि उसने वहां करीब तीन महीने तक ट्रेनर के रूप में काम किया था। आरोप है कि ग्राहकों के साथ कथित गलत व्यवहार के कारण उसे करीब दो महीने पहले नौकरी से निकाल दिया गया था। इसके बाद से वह बेरोजगार था।
पुलिस की जांच में मुस्कान और इमरान के बीच पहले से विवाद होने की बात भी सामने आई है। पुलिस के मुताबिक, 18 जुलाई को मुस्कान थाने पहुंची थी और उसने इमरान द्वारा कथित तौर पर परेशान किए जाने की जानकारी पुलिस को दी थी।
हालांकि उस समय मुस्कान ने कोई औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई थी। पुलिस का कहना है कि इमरान के नशे की लत से जुड़े इतिहास को देखते हुए उसे नशा मुक्ति केंद्र भेजा गया था।
पुलिस के मुताबिक, नशा मुक्ति केंद्र में इमरान ने कथित तौर पर खुद को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की थी। इसके बाद 30 जुलाई को उसे वहां से रिहा कर दिया गया।
जांच में यह भी सामने आया है कि मुस्कान कथित तौर पर इमरान के साथ अपना रिश्ता आगे जारी नहीं रखना चाहती थी, लेकिन इसके बावजूद इमरान उसका पीछा करता रहा। पुलिस अब दोनों के बीच हुए पुराने विवादों और बातचीत की भी जांच कर रही है।
पुलिस को संदेह है कि पिछले करीब दो महीने से मुस्कान के किसी अन्य व्यक्ति से बातचीत करने को लेकर इमरान उससे नाराज था। हालांकि हत्या की वास्तविक वजह को लेकर पुलिस अभी जांच कर रही है और आरोपी से पूछताछ के बाद स्थिति और स्पष्ट होने की उम्मीद है।
पुलिस के मुताबिक, 26 अगस्त की शाम इमरान कथित तौर पर मुस्कान के घर पहुंचा था। उस समय मुस्कान घर पर अकेली थी। आरोप है कि दोनों के बीच किसी बात को लेकर बहस हुई और इसके बाद इमरान ने चाकू से उस पर कई वार कर दिए।
हमले के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज में इमरान शाम करीब 5 बजकर 40 मिनट पर इमारत में प्रवेश करता दिखाई दिया है। पुलिस ने इस फुटेज को भी जांच का हिस्सा बनाया है।
पश्चिमी जिले के पुलिस उपायुक्त हरेश्वर वी. स्वामी के मुताबिक, तिलक नगर थाने को शाम करीब 7 बजकर 24 मिनट पर एक युवती पर चाकू से हमला किए जाने की सूचना मिली थी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू की।
बताया गया कि मुस्कान के घर में घरेलू सहायिका के रूप में काम करने वाली महिला ने उसे इमारत की दूसरी मंजिल पर गंभीर रूप से घायल अवस्था में देखा था। इसके बाद उसने परिवार के सदस्यों को घटना की जानकारी दी और पुलिस को सूचना दी गई।
मुस्कान को गंभीर हालत में तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर आरोपी इमरान की तलाश शुरू कर दी थी।
हत्या के बाद पुलिस की 15 से ज्यादा टीमों ने इमरान के संभावित ठिकानों और संपर्कों की तलाश शुरू की। CCTV फुटेज, तकनीकी निगरानी और अन्य सूचनाओं के आधार पर आरोपी की लोकेशन का पता लगाने का प्रयास किया गया। पुलिस के मुताबिक, लगातार ठिकाने बदलने के कारण उसे पकड़ने में चुनौती आ रही थी।
आखिरकार सूचना के आधार पर पुलिस ने इमरान को घेर लिया। कथित तौर पर पुलिस पर फायरिंग करने के बाद हुई जवाबी कार्रवाई में उसके पैरों में तीन गोलियां लगीं और उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
अब पुलिस आरोपी से हत्या की वजह, मुस्कान के साथ उसके संबंध, घटना वाले दिन दोनों के बीच हुई बातचीत और हत्या में इस्तेमाल किए गए हथियार से संबंधित जानकारी जुटा रही है। इसके साथ ही आरोपी के फरार रहने के दौरान उसकी मदद करने वाले संभावित लोगों की भूमिका की भी जांच की जा सकती है।
पुलिस मुस्कान द्वारा 18 जुलाई को दी गई शिकायत, दोनों के मोबाइल फोन से जुड़े डिजिटल रिकॉर्ड और CCTV फुटेज को भी जांच की महत्वपूर्ण कड़ियों के रूप में देख रही है। आरोपी से विस्तृत पूछताछ के बाद हत्या के पीछे की पूरी वजह और घटनाक्रम के बारे में और जानकारी सामने आने की संभावना है।



