Earthquake in Myanmar-Bangkok: म्यांमार और थाईलैंड में भूकंप से तबाही, 100 से ज्यादा मौतें
म्यांमार और थाईलैंड में शुक्रवार को आए शक्तिशाली भूकंप ने भारी तबाही मचाई। भूकंप की तीव्रता रिक्टर स्केल पर 7.7 और 6.4 मापी गई। इसका केंद्र म्यांमार के मोन्यावा शहर से लगभग 50 किलोमीटर पूर्व में मंडाले के पास था। भूकंप के झटकों से दोनों देशों में इमारतें ढह गईं, सैकड़ों लोग मलबे में दब गए, और 100 से अधिक लोगों की मौत हो गई।
भारत के दिल्ली-एनसीआर और मेघालय में भी झटके महसूस किए गए, लेकिन किसी नुकसान की सूचना नहीं है। वहीं, बैंकॉक में एक निर्माणाधीन गगनचुंबी इमारत गिर गई, जिसमें 43 मजदूर फंस गए। थाईलैंड सरकार ने इमरजेंसी घोषित कर दी है और प्रधानमंत्री पेटोंगटार्न शिनावात्रा ने आपात बैठक बुलाई है।
म्यांमार में भी तबाही का आलम है। वहां 25 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है और दर्जनों लोग लापता हैं। सबसे ज्यादा नुकसान मंडाले और ताऊंगी में हुआ है। सरकार बचाव कार्य में जुटी हुई है, लेकिन मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
बैंकॉक पुलिस के अनुसार, शुक्रवार दोपहर आए भूकंप से राजधानी में कई ऊंची इमारतें ताश के पत्तों की तरह ढह गईं। सोशल मीडिया पर वायरल हो रही तस्वीरों और वीडियो में इमारतों से गिरता मलबा और ऊंचाई से पानी गिरते देखा जा सकता है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भूकंप पर चिंता व्यक्त की और म्यांमार व थाईलैंड को हर संभव मदद का आश्वासन दिया है। भारतीय अधिकारी भी राहत कार्य में सहयोग के लिए तैयार हैं। इस भयानक आपदा के कारण दोनों देशों में दहशत का माहौल बना हुआ है।



